अध्याय 4: वापसी की राह
दो साल बाद। विक्रम की शादी टूट गई। उसने अपनी मनपसंद लड़की से शादी कर ली। आर्य की फ़िल्म सुपरहिट हुई, पर वो अकेला महसूस कर रहा था। कबीर डॉक्टर बन गया और समझ में आया कि परिवार कितना ज़रूरी है। दिव्या की किताब प्रकाशित हुई, "सपनों का महल"। सबने एक दिन फिर से महल में इकट्ठा होने का फ़ैसला किया। दीवाली की रात थी। सब मिलकर दीये जला रहे थे।