अध्याय 3: विरोध के बादल
जब दोनों के परिवारों को पता चला तो हंगामा मच गया। राहुल के पिताजी शहर के बड़े व्यापारी थे, और प्रिया के माता-पिता साधारण किसान। इस फ़र्क ने दोनों परिवारों के बीच दीवार खड़ी कर दी। राहुल को शहर वापस भेज दिया गया, और प्रिया को घर से बाहर निकलने से मना कर दिया गया। पर दिल की आवाज़ को कौन रोक सकता है? रात में खिड़की से निकलकर प्रिया उसी आम के पेड़ के पास जाती। राहुल के पत्र वहाँ छुपे होते थे।